(पोद्दार बिज़नेस स्कूल में ‘क्राफ्टशाला’ का उद्घाटन) कारीगरों के कौशल विकास को मिलेगा बढ़ावा
जयपुर,(सुरेन्द्र कुमार सोनी) । शनिवार को सीतापुरा स्थित पोद्दार बिज़नेस स्कूल में भारत सरकार के उपक्रम हैंडीक्राफ्ट एंड कारपेट सेक्टर स्किल काउंसिल के अंतर्गत “क्राफ्टशाला” का भव्य उद्घाटन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के.एल. रमेश (चेयरमैन, हैंडीक्राफ्ट एंड कारपेट सेक्टर स्किल काउंसिल) तथा विशिष्ट अतिथि गिरीश कुमार अग्रवाल (बोर्ड डायरेक्टर, एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल फॉर हैंडीक्राफ्ट्स – EPCH) एवं लेखराज माहेश्वरी (पूर्व चेयरमैन, EPCH) उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारम्भ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ, जिसमें पोद्दार संस्थान के चेयरमैन डॉ. आनंद पोद्दार, वाइस चेयरपर्सन रूपल पोद्दार सहित सभी अतिथियों ने सहभागिता निभाई। इस अवसर पर बताया गया कि “क्राफ्टशाला” का मुख्य उद्देश्य हस्तशिल्प से जुड़े कारीगरों की रचनात्मकता को बढ़ावा देना, उनके कौशल का विकास करना तथा उन्हें रोजगारोन्मुखी बनाना है। इसके साथ ही यह पहल दस्तकारों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। क्राफ्टशाला के माध्यम से राजस्थान के कारीगरों को इको-फ्रेंडली प्रिंटिंग सहित विभिन्न आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे आत्मनिर्भर बन सकें। डॉ. आनंद पोद्दार (चेयरमैन, पोद्दार संस्थान) ने अपने संबोधन में कहा कि “क्राफ्टशाला जैसी पहल न केवल कारीगरों के कौशल को निखारेगी, बल्कि उन्हें वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में भी सहायक सिद्ध होगी। हमारा प्रयास है कि पारंपरिक कला को आधुनिक तकनीक के साथ जोड़कर युवाओं और कारीगरों के लिए नए अवसर तैयार किए जाएं।”
मुख्य अतिथि के.एल. रमेश ने अपने उद्बोधन में कहा कि “भारत की हस्तशिल्प परंपरा अत्यंत समृद्ध है और इसे आगे बढ़ाने के लिए कौशल विकास अत्यंत आवश्यक है। क्राफ्टशाला जैसे केंद्र कारीगरों को नई तकनीक, डिजाइन और बाजार से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।” कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिक्षाविद, कारीगर एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे। आयोजकों ने इसे हस्तशिल्प क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए भविष्य में ऐसे और कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही।




