रामलीला में कुंभकर्ण, मेघनाद और अहिरावण वध की लीला का भव्य मंचन
October 22nd, 2026 | Post by :- | 16 Views

गजसिंहपुर,(यश कुमार)। श्री महावीर ड्रामेटिक क्लब, गजसिंहपुर की ओर से आयोजित रामलीला में सोमवार को कुंभकर्ण वध, मेघनाद वध और अहिरावण वध की रोमांचकारी लीलाओं का भव्य मंचन किया गया। कलाकारों के शानदार अभिनय, युद्ध के दृश्यों और प्रभावशाली संवादों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विशेष रूप से अहिरावण की लीला ने दर्शकों के रोंगटे खड़े कर दिए। रामलीला में रावण-सीता संवाद के बाद भगवान श्रीराम की सेना और रावण की सेना के बीच भीषण युद्ध का मंचन किया गया। युद्ध के दौरान कुंभकर्ण के पराक्रम और उसके वध का दृश्य प्रभावशाली रहा। इसके बाद मेघनाद और लक्ष्मण के बीच हुए युद्ध में मेघनाद वध का मंचन किया गया। युद्ध के दृश्यों और कलाकारों के सशक्त अभिनय ने दर्शकों में उत्साह भर दिया। अहिरावण प्रसंग रामलीला का प्रमुख आकर्षण रहा। रावण और अहिरावण के बीच संवाद के बाद अहिरावण द्वारा भगवान श्रीराम और लक्ष्मण का हरण कर उन्हें पाताल लोक ले जाने का दृश्य प्रस्तुत किया गया। पाताल लोक में देवी काली की पूजा और राम-लक्ष्मण की बलि की तैयारी के दृश्यों ने मंच पर रोमांचक वातावरण बना दिया। इसके बाद हनुमान जी और मकरध्वज के बीच संवाद एवं युद्ध का शानदार मंचन हुआ। अंत में हनुमान जी ने अहिरावण का उसकी सेना सहित संहार कर भगवान श्रीराम और लक्ष्मण को मुक्त कराया। इन दृश्यों में कलाकारों के अभिनय, संवाद अदायगी और मंचीय प्रस्तुति को दर्शकों ने खूब सराहा। राम की भूमिका बालकिशन गिरधर, लक्ष्मण की दिनेश शर्मा, सीता की रणवीर, रावण की तिलक शर्मा, अहिरावण की राजकुमार गिरधर, हनुमान की संजय जुनेजा, मेघनाद की ओम जुनेजा, कुंभकर्ण की ललित काठपाल तथा मकरध्वज की भूमिका तन्मय वधवा ने निभाई वहीं अहिरावण की सेना में तनिश शर्मा, अंकित सहारण और दीपक सहित अन्य कलाकारों ने अभिनय किया। काली माता की भूमिका सोहन लाल ने निभाई। सभी कलाकारों ने अपने-अपने किरदारों को जीवंत बनाकर रामलीला को यादगार बनाया रामलीला के माध्यम से बुराई पर अच्छाई की विजय, धर्म की रक्षा और प्रभु श्रीराम की शक्ति का संदेश प्रस्तुत किया गया। दर्शकों ने पूरे उत्साह के साथ लीला का आनंद लिया।

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