हरियाणा के पूर्व मंत्री असीम गोयल ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि यह अत्यंत दुखद और हृदयविदारक घटना है। इस हादसे में जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनकी क्षति कभी पूरी नहीं की जा सकती। दुख की इस घड़ी में प्रदेश सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ पीडि़त परिवारों के साथ खड़ी है और उन्हें हरसंभव सहायता एवं राहत प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। पूर्व मंत्री असीम गोयल आज नागरिक अस्पताल अम्बाला शहर में घटना में घायल लोगों का कुशलक्षेम जानने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होनें उपचारधीन लोगों के परिजनों से भी मुलाकात कर उन्हें आश्वस्त किया कि सभी का यहां पर बेहतर ईलाज किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने हादसे की सूचना मिलते ही तुरंत प्रशासनिक अधिकारियों और एनडीआरएफ की टीमों को मौके पर भेजने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री स्वयं लगातार पूरे घटनाक्रम की जानकारी लेते रहे और राहत एवं बचाव कार्यों पर नजर बनाए रखी। उन्होंने कहा कि हादसे की जानकारी मिलते ही जिला अध्यक्ष सबसे पहले प्रशासनिक अधिकारियों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। इसके साथ ही मेयर श्रीमती अक्षिता सैनी ने भी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और पीडि़त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
पूर्व मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा पीडि़त परिवारों को दी गई आर्थिक सहायता उनके अपनों को खोने के दर्द और अपूरणीय क्षति की भरपाई नहीं कर सकती, लेकिन इस कठिन समय में यह सहायता प्रभावित परिवारों को कुछ राहत देने का एक संवेदनशील प्रयास है। सरकार का उद्देश्य है कि पीडि़त परिवारों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े और उन्हें हरसंभव मदद उपलब्ध करवाई जाए।
उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवार से उनका पुराना पारिवारिक परिचय है। दिवंगत महिला की सास उनके यहां लंबे समय से कार्यरत हैं। परिवार के सदस्यों से बातचीत के दौरान सामने आई परिस्थितियों को देखते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि पीडि़त परिवार को राहत एवं सहायता उपलब्ध करवाने में किसी प्रकार की कोताही न बरती जाए। मुख्यमंत्री के संज्ञान में भी परिवार की स्थिति लाई गई है, ताकि सरकार की ओर से हरसंभव सहायता और न्याय सुनिश्चित किया जा सके।
उन्होंने स्पष्ट किया कि हादसे में यदि किसी भी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही सामने आती है, तो उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। जनजीवन और लोगों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है और पीडि़त परिवारों को न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
पूर्व मंत्री असीम गोयल ने सभी राजनीतिक दलों और आमजन से अपील की कि इस दुखद हादसे पर राजनीति करने से बचें। यह समय आरोप-प्रत्यारोप का नहीं, बल्कि मानवीय संवेदना के साथ पीडि़त परिवारों के दुख में सहभागी बनने का है। उन्होंने कहा कि सभी को एकजुट होकर प्रभावित परिवारों को संबल देना चाहिए। प्रदेश सरकार इस कठिन घड़ी में पीडि़त परिवारों के साथ खड़ी है और उन्हें हरसंभव सहयोग प्रदान करती रहेगी।
इस मौके पर भाजपा जिला अध्यक्ष मनदीप राणा, मेयर अक्षिता सैनी, विधानसभा संयोजक रितेश गोयल, सिविल सर्जन डॉ रेनू बेरी, डॉ शिलकांत पजनी, डॉ अदिति, भाजपा पदाधिकारी मनीष आनन्द मन्नी, जसविन्द्र सिंह उगाड़ा, दिनेश लदाना, गुरविन्द्र सिंह मानकपुर, सतीश जैन, राजेश मेहत्ता, गुरप्रीत शाना के साथ-साथ अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।
अम्बाला:अशोक शर्मा।
हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, पंचकूला एवं जिला एवं सत्र न्यायाधीश-कम-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, अम्बाला के निर्देशानुसार 03 अक्टूबर 2026 को जिला न्यायालय परिसर, अम्बाला में से संबंधित मामलों हेतु विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।
इस विशेष लोक अदालत का उद्देश्य धारा 138 एन.आई. एक्ट से संबंधित लंबित मामलों का आपसी समझौते एवं सौहार्दपूर्ण तरीके से त्वरित निपटारा करना है, जिससे पक्षकारों का समय एवं धन दोनों की बचत हो सके तथा न्यायिक प्रक्रिया को सरल एवं प्रभावी बनाया जा सके।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, अम्बाला द्वारा सभी संबंधित पक्षकारों, अधिवक्ताओं एवं आमजन से अपील की जाती है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस विशेष लोक अदालत का लाभ उठाएं तथा अपने मामलों का आपसी सहमति से निपटारा करवाएं।विशेष लोक अदालत में मामलों के निपटारे हेतु किसी प्रकार का अतिरिक्त न्यायालय शुल्क देय नहीं होगा तथा समझौते के आधार पर पारित निर्णय अंतिम एवं बाध्यकारी होगा। अधिक जानकारी के लिए जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण अम्बाला के हेल्प लाइन नंबर: 0171-2532142 तथा नालसा हेल्प लाइन नंबर: 15100 पर संपर्क किया जा सकता है।
कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे editorlokhit@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।


