मनोज शर्मा,चंडीगढ़ । 23 अगस्त 2026। आसफवाला युद्ध स्मारक समिति ने भारतीय सेना के समन्वय से आसफवाला युद्ध स्मारक, फाजिल्का में ‘राखी सरहद के नाम’ कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम का उद्देश्य सैन्य-नागरिक सौहार्द को मजबूत करना तथा सशस्त्र बलों और सीमावर्ती क्षेत्र के लोगों के बीच कायम गहरे एवं अटूट संबंधों को और सुदृढ़ करना रहा।
कार्यक्रम में पंजाब के माननीय राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। वहीं लेफ्टिनेंट जनरल शमशेर सिंह विर्क, जीओसी, 10 कोर सहित वरिष्ठ सैन्य एवं नागरिक अधिकारियों ने समारोह की गरिमा बढ़ाई।
कार्यक्रम में आसपास के गांवों की महिलाओं तथा स्थानीय विद्यालयों की लगभग 1,000 छात्राओं ने करीब 800 सेना के जवानों की कलाई पर राखियां बांधीं। इस भावपूर्ण पहल के माध्यम से देश की सीमाओं की रक्षा में समर्पित वीर सैनिकों के प्रति स्नेह, सम्मान, कृतज्ञता और विश्वास की भावना व्यक्त की गई।
इस अवसर पर सीमावर्ती फाजिल्का क्षेत्र के लोगों और भारतीय सशस्त्र बलों के बीच मौजूद गहरे भावनात्मक जुड़ाव एवं आपसी विश्वास को और मजबूती मिली। राखी के पवित्र बंधन ने यह संदेश दिया कि सीमा की रक्षा करने वाले वीर जवान और देशवासी एक ही राष्ट्रीय परिवार के अभिन्न अंग हैं।
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