पीलीभीत: कानूनी शिकंजे में फंसे सपा के दो दिग्गज, भाजपा ने साधा ‘चरित्र और चाल’ पर निशाना
पीलीभीत। उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले में समाजवादी पार्टी (सपा) के दो कद्दावर नेताओं पर कसते कानूनी शिकंजे ने सियासी पारे को गरमा दिया है। आगामी विधानसभा चुनाव में सदर सीट (127) से दावेदारी ठोक रहे इन दोनों नेताओं पर पुलिसिया कार्रवाई के बाद सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) हमलावर हो गई है। भाजपा इस पूरे घटनाक्रम को भुनाने और सपा को घेरने में जुट गई है।
ठगी और मारपीट के मामले में पूर्व मंत्री के दामाद पर केस दर्ज
कभी सपा सरकार के दौरान प्रशासनिक अमले पर अपना रौब-रुतबा रखने वाले पूर्व मंत्री मरहूम हाजी रियाज अहमद के दामाद इन दिनों सुर्खियों में हैं। कोतवाली पुलिस ने उनके खिलाफ 27 लाख रुपए की ठगी और घर में घुसकर मारपीट करने के आरोप में गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। जिस नेता के इर्द-गिर्द कभी पुलिस प्रोटोकॉल के तहत मुस्तैद रहती थी, आज उसी नेता की तलाश में पुलिस उनके घर पर दबिश दे रही है। पुलिस फिलहाल मामले की गहन तफ्तीश में जुटी है।
सपा जिला महासचिव पर पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मुकदमा
दूसरी ओर, सपा के जिला महासचिव भी इन दिनों कानूनी पचड़े में फंसे हुए हैं। उन पर ईद के दिन समाजवादी पार्टी के अस्थाई कार्यालय (सार्वजनिक स्थल) पर बकरे की कुर्बानी देने का आरोप है। इस मामले में पुलिस ने उनके खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है। कार्रवाई के डर से जिला महासचिव बेहद हताश हैं। सूत्रों के मुताबिक, वे पिछले करीब एक हफ्ते से अपने कैंप कार्यालय और आवास से नदारद हैं।
बड़ा सियासी नुकसान: यह दोनों ही नेता सदर विधानसभा सीट से सपा के टिकट पर चुनाव लड़ने का सपना देख रहे थे, लेकिन जनता के बीच जाने से पहले ही दोनों नेता पुलिस की रडार पर आ गए हैं।
गन्ना राज्यमंत्री की तीखी प्रतिक्रिया: “यह सपा के चरित्र को दर्शाता है”
इस पूरे घटनाक्रम पर सूबे के गन्ना राज्यमंत्री ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने सपा को आड़े हाथों लेते हुए कहा:
“अभी इन लोगों की सरकार नहीं है, तब तो ये लोग सार्वजनिक जगह और पार्टी दफ्तर (जिसे हम जनता की सुनवाई का मंदिर मानते हैं) में कुर्बानी दे रहे हैं। यह बेहद निंदनीय है। जब सरकार नहीं है तब इनकी यह हिम्मत है, अगर सरकार बन गई तो ये लोग बीच सड़क पर ऐसे कृत्य कर माहौल खराब कर देंगे। इनके नेताओं में कोई ठगी कर रहा है तो कोई खुलेआम कुर्बानी दे रहा है। यह समाजवादी पार्टी के चित्रण, चरित्र और चाल का असली परिचय है।”
सपा जिलाध्यक्ष ने बताया ‘राजनैतिक स्टंट’
वहीं दूसरी तरफ, इस पूरे घटनाक्रम और चौतरफा हमलों के बीच समाजवादी पार्टी बैकफुट पर नजर आ रही है। सपा के जिलाध्यक्ष जगदेव सिंह जग्गा ने इस पूरी कार्रवाई को सत्ता पक्ष का ‘राजनैतिक स्टंट’ करार दिया है। हालांकि, वे इस मामले में ज्यादा कुछ बोलने से बचते हुए पल्ला झाड़ते नजर आए।





