प्रदेशभर में कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर जताया विरोध,सरकार को दिया 7 दिन का अल्टीमेटम
जयपुर,(सुरेन्द्र कुमार सोनी) । अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ (एकीकृत) के आह्वान पर आज प्रदेश के हज़ारों कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर ‘काली पट्टी’ बांधकर जबरदस्त विरोध दर्ज कराया। सचिवालय से लेकर ग्राम स्तर तक के कार्यालयों में कर्मचारियों ने हाथ पर काली पट्टी बांधकर काम किया और सरकार के प्रति अपना असंतोष व्यक्त किया।
*एकजुटता का संदेश:
महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष गजेन्द्र सिंह राठौड़ ने बताया कि आज का यह सांकेतिक विरोध ऐतिहासिक रहा।
गवर्नमेंट प्रेस,वन, शिक्षा, स्वास्थ्य, सचिवालय, परिवहन रोडवेज, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी और तकनीकी, मंत्रालय,अधीनस्थ सहित सभी प्रमुख विभागों एवं संवर्ग के सभी जिलों के हजारों कर्मचारियों ने एकजुट होकर यह संदेश दिया है कि अब कर्मचारी अपने हक के लिए और इंतजार नहीं करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों ने पूरी निष्ठा से राजकीय कार्य करते हुए यह शांतिपूर्ण विरोध दर्ज कराया है।
*प्रमुख मांगों पर अडिग कर्मचारी:
प्रदर्शन के दौरान मुख्य रूप से दो मांगों पर जोर दिया गया:
*RGHS:* कैशलेस इलाज में आ रही तकनीकी खामियों को दूर कर कर्मचारियों के सुचारू इलाज की व्यवस्था की जाए।
*समर्पित अवकाश: समर्पित अवकाश का भुगतान तुरंत जारी किया जाए।
*आगामी रणनीति और चेतावनी:
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए प्रदेशाध्यक्ष ने कहा,”आज का विरोध केवल सांकेतिक था। यदि सरकार ने अगले 7 दिवस के भीतर हमारी मांगों पर सकारात्मक आदेश जारी नहीं किए, तो महासंघ प्रदेशव्यापी आंदोलन की घोषणा करेगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।”
महासंघ ने चेतावनी दी है कि अगले चरण में जिला मुख्यालयों पर घेराव और कार्य बहिष्कार जैसे कड़े कदम उठाए जा सकते हैं।





