पंजाब के पूर्व डीजीपी सुमेध सैनी के घर विजिलेंस का काले धन के शक में छापा
August 3rd, 2021 | Post by :- | 83 Views

चंडीगढ़, । पंजाब विजिलेंस विभाग की टीम ने सोमवार देर शाम एक बार फिर पूर्व डीजीपी सुमेध सैनी के आवास पर छापा काले धन के शक में मारा। हालांकि अधिकारिक तौर पर यह नहीं बताया जा रहा है कि विजिलेंस ने यह कार्रवाई क्यों की है लेकिन उच्च स्तरीय सूत्रों के अनुसार मामला चंडीगढ़ के सेक्टर 20 की एक कोठी की कालेधन से हुई खरीद से जुड़ा है। विजिलेंस सैनी से इस कोठी के दस्तावेज हासिल कर उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ करना चाहती है।

विजिलेंस के पहुंचने पर पूर्व डीजीपी के सुरक्षाकर्मियों ने लगाया गेट को ताला

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विजिलेंस टीम की ओर से सैनी के सेक्टर 20 स्थित आवास पर दबिश दिए जाने के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई। सैनी के सुरक्षाकर्मियों ने गेट को ताला लगाकर विजिलेंस टीम को अंदर जाने से रोका। इसके बाद सैनी के केस लड़ने वाले एडवोकेट रमनप्रीत सिंह को मौके पर बुलाया गया।

पुलिस और सैनी के एडवोकेट के पहुंचने के बाद कोठी के अंदर जा पाई विजिलेंस टीम

बाद में स्थानीय पुलिस और एडवोकेट रमनप्रीत सिंह के साथ विजिलेंस के अधिकारी सैनी के आवास के अंदर गए। सूत्रों के अनुसार देर रात तलाशी अभियान शुरू  किया और यह देर रात तक जारी रहा। विजिलेंस की ओर से एसपी गगनदीप सिंह और एआइजी आशीष कपूर के नेतृत्व में रेड की गई।

सूत्रों के अनुसार विजिलेंस को शक है कि सुमेध सैनी ने कालेधन का इस्तेमाल करके सुरेंद्रजीत सिंह और उसके कार्यकारी अभियंता बेटे निमृतदीप से कोठी खरीदी है। विजिलेंस सूत्रों के अनुसार निमृतदीप को एक मामले में 2020 में गिरफ्तार किया गया था और उससे हुई पूछताछ में विजिलेंस को इस कोठी के असली मालिक के बारे में पता चला है। कोठी का खरीददार सुरेंद्रजीत सिंह को दिखाया गया है जबकि वास्तव में इसका मालिक सुमेध सिंह सैनी है। वहीं सैनी को कोठी का किरायेदार दिखाया गया है। सैनी ने कभी भी इस कोठी का किराया नहीं दिया।

नया केस दर्ज कर सैनी को गिरफ्तार करना चाहती है विजिलेंस

विजिलेंस अधिकारियों ने हालांकि अभी तक रेड के कालेधन के कनेक्शन की पुष्टि नहीं की है। परंतु सूत्र बताते हैं कि विजिलेंस किसी नए केस में सैनी को गिरफ्तार करना चाहती है। इसका सबसे बड़ा कारण यह है कि सैनी के खिलाफ पुराने जितने भी केस चल रहे हैं उसमें उन्हें ब्लैंकेट बेल मिली हुई है। इसलिए विजिलेंस कोई नया केस दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही है।

एडवोकेट और विजिलेंस टीम में हुई बहस

सैनी के केस लड़ने वाले एडवोकेट रमनप्रीत सिंह जब सैनी के आवास पर पहुंचे तो विजिलेंस ने उन्हें अंदर जाने से रोका। इस पर रमनप्रीत ने कहा कि यह निजी संपत्ति है और विजिलेंस की कस्टडी में नहीं है। आपने जो कार्रवाई करनी है उसके लिए पहले स्थानीय पुलिस (यूटी पुलिस) को सूचित करें। विजिलेंस अधिकारियों ने कहा कि उनके काम में दखलअंदाजी न करें। विजिलेंस कानून के मुताबिक काम कर रही है। वहीं पूछने पर सैनी के वकील ने कहा कि पूर्व डीजीपी अपने आवास पर नहीं हैं। यह जानकारी उन्हें सैनी के सुरक्षाकíमयों ने दी है।

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