भाजपा परिवारवाद शाहाबाद के विधायक सरकार मे राज्य मन्त्री कृष्ण बेदी केवल परिवार वाद और भ्रष्टाचार के दलदल मे फँसे हुए है जिस कारण पार्टी के परिवार वाद के ख़िलाफ़ विचार पर स्वाल खड़े कर दिए हैं।
September 14th, 2019 | Post by :- | 290 Views

Whats App पर वायरल हो रहें हरियाणा के राज्यमन्त्री के बारें मिली जानकारी अनुसार राजयमंत्री के चहेतों ने इन जानकारियों को एकत्रित करने में कितनी मेहनत करके यह साबित कर दिया कि “हमें अपनों लुटा गैरों में कहाँ दम था : कस्ती वहां डूबी जहां पानी कम था।  जानकारी :-

  1. पुत्रवधु , आकांक्षा धर्मपत्नी गौरव बेदी, सदस्य हरियाणा बाल अधिकार आयोग, हरियाणा सरकार।
  2. सुमन बेदी कलोदा, राज्यमन्त्री के चाचा की बेटी सदस्य राज्य महिला आयोग हरियाणा सरकार।
  3.  चन्द्र प्रकाश बोस्ती, राज्यमन्त्री का भान्जा, सदस्य सफाई कर्मचारी आयोग, हरियाणा सरकार।
  4. आज़ाद सिह, करनाल ग़ैर भाजपाई बेदी का रिश्तेदार सदस्य सफाई कर्मचारी आयोग हरियाणा सरकार।
  5. सुनीता अरडाना, ग़ैर भाजपाई बेदी के जानकार, सदस्य सफाई आयोग, हरियाणा सरकार।
  6. कृष्ण रेवाडी, ग़ैर भाजपाई बेदी के दोस्त, वाईस चैयरमैन, सफाई कर्मचारी आयोग हरियाणा सरकार। 10.
  7. सतीश डाका, हिसार से बेदी का साला, प्रदेश सचिव एस सी मोर्चा भाजपा, हरियाणा।
  8. रोशन बेदी राज्यमन्त्री का भतीजा, सदस्य जिला विजीलैंस कमेटी एंव जिला उपाधयक्ष भाजपा कुरुक्षेत्र।
  9. गौरव बेदी व कर्ण प्रताप बेदी पुत्र कृष्ण बेदी दोनों पुत्र भी भाजपा मे पदाधिकारी है।
  10. अजय कुमार, बेदी का जमाई पुलिस में सिपाही के पद पर रहते हुए कभी नौकरी पर नही जाता सारा दिन भिवानी व हिसार सिरसा के रैस्ट हाउसों में पाया जाता है जनाब महँगी कारों का शोकीन है जिसमें दो सीटर कार लगभग 90 लाख किमत की है जो कि फ़ेसबुक पर भी डाल रखी है “माई न्यु कार” और उसके पास एक फोरचुनर कार जो कि लगभग चालीस लाख की आती है और होडां सिटी कार पन्द्रह लाख की और दस लाख वाली डसटर कार उसके पास है पुरानी आर्थिक व परिवारिक स्थित भिवानी के लोग जानतें हैं, लोगों की दया पर जीने वाले मंत्री की आज शाहबाद सेक्टर में सबसे बड़ी कोठी है दोनों बेटे 30 लाख से कम गाड़ी में नहीं चलते

कुछ पदो के लिए सरकार ने दलित समाज से नाम माँगे गए थे उनमें से हरियाणा के किसी भी विश्व विधालय के लिए वाईस चांसलर का नाम माँगा गया तो रीषिपाल बेदी कैथल का नाम दिया गया था और HCS के लिए नाम माँगे गए तो सुरेश बेदी कलोदा चाचा का लड़का का नाम भेजा गया जो कि सरकार के कुछ नियमों व मापदंड पुरे न होने कारण कुछ नही बनाए गए शायद भविष्य में इनकी नियुक्ति हो।

कुछ और भी परिवारीक सदस्य व रिश्तेदार पार्टी और सरकार सैट है या कुछ डी सी रेट पर लगे हुए है या ठेकेदार के पास नाम चलते है तनख़्वाह हर महीने आती रहती है सरकारी साधनों संसाधनों का पुरा दुरुपयोग हो रहा है सरकारी या सरकार सहयोगी यात्राएँ करने में, सरकारी रैस्ट हाउसों के व सुरक्षा वाहनों के दुरुपयोग, ऐछिक फड़ों का परिवार और रिश्तेदारों को बाँटने का कार्य किया गया, अनुसूचित विभाग में हुए घोटाले में नज़दीकियों के तार जुड़े होने की आशंका है एस सी बी सी विभाग के सहयोग से चलने वाले कोचिंग सैन्टर जिनके तार हाल में ही हुए घोटाले से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे editorlokhit@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।