पैट्रोल डीजल पर मोदी सरकार की लूट जारी ,,,अजय महाजन
June 17th, 2020 | Post by :- | 167 Views

मुकेश सरमाल  ( इंदौरा )

कोविड 19 के कारण हुए लाकडाउन की मार से अभी जनता उभर नही पाई है लेकिन पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती जा रही कीमतों के कारण जनता को महंगाई की भट्ठी में जबरन झोंका जा रहा है ।

जिला कांग्रेस अध्यक्ष अजय महाजन ने डीजल और पेट्रोल की लगातार बढाई जा रही कीमतों पर केंद्र सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि कोरोना महामारी के कारण यहां केंद्र सरकार आम जनता को राहत के नाम पर आर्थिक पैकेज की दुहाई तो दे रही है दूसरी ओर पेट्रोल और डीजल की कीमतों को बिना बजह बढ़ा कर जनता को लूटा जा रहा है ।

महाजन ने कहा कि इस समय यहां अंतराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट है तो फिर पिछले 16 दिनों से लगातार बढाई जा रही कीमतों से जनता को क्यों निचोड़ा जा रहा है । महाजन ने कहा कि लाकडाउन के दौरान देश भर में 90 फीसदी वाहन बंद थे । देश में बड़ी मात्रा में पेट्रो पदार्थों की भारी बचत हुई थी ऐसे में अनलॉक 1 में आम जनता को राहत देते हुए डीजल पेट्रोल की कीमतों में कमी करनी चाहिए थी ताकि कीमतों के कम होने से महंगाई पर असर पड़ता ।

एक ओर कोविड 19 के चलते लोगों को दो वक्त की रोटी के लाले पड़े हुए हैं करोड़ों लोग रोजगार से वंचित हो गए हैं ऐसे में पेट्रोल और डीजल की बढ़ी कीमतों का असर महंगाई पर पड़ते हुए लोगों की रोजमर्रा की हर चीजों पर पड़ेगा ।

महाजन ने कहा कि पिछले करीब 17 दिनों से हर रोज पेट्रोल और डीजल की बढाई जा रही कीमतों में क्रमशः 5-5 रुपये की बढ़ोतरी कर जनता की जेबों पर डाका डाला जा रहा है । महाजन ने कहा कि केंद्र और प्रदेश की डब्बल इंजन की सरकार हर मोर्चे पर फेल हो रही है । यहां पूरा देश और प्रदेश कोरोना महामारी से झूझ रहा है तो ऐसी नाजुक स्थिति में जनता को अपने हाल पर जीने के लिए छोड़ दिया गया है ।

संकटकाल से जनता को शीघ्र उभारने की बजाय केंद्र और प्रदेश सरकार करोड़ों रुपये फूंककर वर्चुअल रैलियां करने में मशगूल हैं । महाजन ने कहा कि कोविड 19 के संकट में जिम्मेदार विपक्ष होते हुए सरकार का हर सम्भव सहयोग कर रही थी लेकिन केंद्र व प्रदेश सरकार के गलत फैसलों पर कांग्रेस पार्टी चुप नही बैठेगी और सरकार की तानाशाही नीतियों का जमकर विरोध किया जाएगा ।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे editorlokhit@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।