8 जून खुलेंगी मेवात की मस्जिदें अभी से तैयारियां शुरू की
June 6th, 2020 | Post by :- | 54 Views

नूंह मेवात , ( लियाकत अली )  ।  आगामी 8 जून से देश भर में सभी धार्मिक स्थल खुलने जा रहे हैं । हरियाणा का नूह मुस्लिम बाहुल्य जिला है । यहां अधिकतर आबादी मुसलमानों की है। इसीलिए बड़े पैमाने पर यहां मस्जिद हैं। इस बार कोरोना महामारी की वजह से रमजान जैसे पवित्र महीने से लेकर ईद उल फितर के पर्व पर मस्जिदों में या ईदगाह में कोई रौनक देखने को नहीं मिली । कोरोना महामारी से निपटने के लिए सरकार ने सभी धार्मिक स्थलों को बंद कर दिया था । ऐसे में लोगों को घरों में ही इबादत करने को मजबूर होना पड़ा । मस्जिदों में सिर्फ चंद लोग ही कोरोना की वजह से नमाज पढ़ पाए । मुस्लिम बाहुल्य जिलों के लोगों ने लॉकडाउन के नियमों का नमाज पढ़ते समय पूरी तरह से पालन किया । जिले के बड़े उलेमाओं ने भी लोगों से मस्जिदों के बजाय घरों में रहने , नमाज पढ़ने तथा इबादत करने की अपील की थी। जिसका असर इलाके में खूब देखने को मिला था । लेकिन अब 8 जून से सभी मंदिर , मस्जिद , चर्च , गुरुद्वारे खुलने जा रहे हैं । भले ही धार्मिक स्थल कुछ दिन बाद खुलने जा रहे हो , लेकिन अभी भी कुछ शर्ते धार्मिक स्थलों में पूजा इबादत करने के समय रखी गई हैं। लोगों को अभी भी सोशल डिस्टेंसिंग के अलावा धार्मिक स्थल में प्रवेश करते समय सैनिटाइजर इत्यादि का इस्तेमाल करना होगा । मास्क लगाना भी अनिवार्य है । कुल मिलाकर धार्मिक स्थलों में 8 जून से चहल-पहल तो देखने को मिलेगी , लेकिन कुछ शर्तों के लगी होने की वजह से पहले जैसी रौनक लौटने की अभी भी कम ही उम्मीद बची है ।

मुस्लिम बाहुल्य जिला नूह की मस्जिदों में अभी से 8 जून की तैयारियां शुरू हो गई हैं। लोगों ने मस्जिदों के बाहर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए गोल दायरे लगा दिए हैं । मस्जिद में प्रवेश करने से पहले सैनिटाइजर लगाया जा रहा है । इसके अलावा लोगों के मुंह पर मास्क भी दिखाई पड़ रहे हैं । जब इस बारे में धर्मगुरु के अलावा नमाज पढ़ने वाले लोगों से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि मेवात के लोगों ने लॉकडाउन के दौरान भी पूरी तरह नियमों का पालन किया । मस्जिदों में इक्का-दुक्का लोगों ने ही नमाज पढ़ी । अधिकतर लोगों ने घरों में रोजे रखे , इबादत की और नमाज पढ़ी। इसी तरह आगे भी लॉकडाउन के नियमों का पूरी तरह से पालन किया जाएगा । क्योंकि सरकार के साथ – साथ मुस्लिम धर्मगुरुओं ने भी कोरोना वायरस से निपटने के लिए सरकार द्वारा जारी की गई गाइडलाइन का पालन करने की नसीहत दी है । उसी हिसाब से मुस्लिम समाज के लोग चल रहे हैं । यही वजह है कि नूह जिले में कम से कम डेढ़ महीने तक राज्य में सबसे ज्यादा कोरोना केस निकले थे , लेकिन लोगों के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग ने कड़ी मेहनत कर सभी को स्वस्थ कर ईद से ठीक पहले डिस्चार्ज कर दिया था । हालांकि उसके बाद लगातार कोरोना पॉजिटिव केसों की संख्या बढ़ रही है , लेकिन इतनी तेजी से नहीं बढ़ रही जितने पड़ोसी जिला फरीदाबाद , गुरुग्राम , सोनीपत , झज्जर इत्यादि जिलों में बढ़ रही है । कुल मिलाकर मस्जिदों में आने वाली 8 तारीख को थोड़ी सी रौनक जरूर देखने को मिलेगी । लोगों ने सरकार के धार्मिक स्थल खोलने की प्रशंसा करते हुए कहा कि जो सरकार ने गाइडलाइन जारी की है । उनका इबादत करते समय पूरी तरह से पालन किया जाएगा । कुल मिलाकर कोरोनावायरस ने पूरे सिस्टम को हिला कर रख दिया है ,  ना केवल धार्मिक स्थलों पर लॉक लगा दिए ,बल्कि लोग आर्थिक स्थिति से भी बुरी तरह जूझ रहे हैं । जिस तरह अर्थव्यवस्था पटरी पर लौटने लगी है । ठीक उसी तरह अब धार्मिक स्थलों में भी रौनक लौटने में चंद घंटों का समय शेष बचा है। मंदिर , मस्जिद , गुरुद्वारा , चर्च का संचालन करने वाले लोग अभी से तैयारियों में जुट गए हैं । ताकि धार्मिक स्थलों के खुलने के बाद श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की कोई दिक्कत पूजा या नमाज पढ़ने के समय ना हो।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे editorlokhit@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।