माँ शब्द की अहमियत दूसरी भाषाओं में सबसे ज्यादा है :हरभजन ।
May 10th, 2020 | Post by :- | 148 Views

जंडियाला गुरु कुलजीत सिंह
आज जहाँ पूरे विशव कोविड 19 म्हांमरी से जंग लड़ रहा है वही आज पूरे विशव में घरों में रहकर ही मदर डे मनाया जा रहा है ।इस दिवस पर एस एस पी देहाती विक्रमजीत दुग्गल ने लोगों को बधाई देते हुए अपने संदेश में कहा कि मै इस अवसर पर अपनी माँ का तारीफ करता हूँ जो हमारे हर रोज़ काम करती हैं ।वह परिवार में ऐसी भूमिका निभाती है जो एक परिवार को एक लड़ी में बांध कर रखती है ।सच मे ही मां की छाया किसी स्वर्ग से कम नही ।
इसी तरह डी एस पी जंडियाला गुरु गुरिंदरबीर सिंह सिद्ध ने लोगों संदेश में कहा कि माँ घर की गृहिणी होती है जो घर का हर कामकाज करती हैं ।हमें अपनी माँ का उसके हर कामकाज में बटाना चाहिए ।हम फर्श पर झाड़ू ,बर्तन साफ करने और खाने बनाने में भी मदद करनी चाहिए। हमे जॉइंट फैमिली की तरह काम कर हौंसला बढ़ाना चाहिये। इस तरह हम अपनी माताओं के पूर्ण रूप से आदर करना चाहिए।
पूर्व ई टी ओ हरभजन सिंह ने अपने संदेश में कहा कि माँ के अक्षर एक शब्द है पर इसकी अहमियत दुनिया की सब भाषाओं में से ज्यादा है। माँ का ऋण कभी भी नही चुकाया जा सकता ,जो भी मनुष्य जिंदगी में करता है वह उसका पहला स्कूल मां ही होती है ।माँ के आशीर्वाद के साथ मनुष्य जिंदगी में बुलन्दियों को छूता है। इस अवसर पर हम सबका फ़र्ज़ है कि अपनी माताओं का मान सम्मान के साथ उनकी पूर्ण रूप से देखभाल करें ।
फ़ोटो कैप्शन एस एस पी देहाती विक्रमजीत दुग्गल ,
डी एस पी जंडियाला गुरु गुरिंदरबीर सिंह
पूर्व ई टी ओ हरभजन सिंह

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