राजकीय विद्यालयों में शिक्षकों द्वारा ऑनलाइन शिक्षा दी जा रही
April 23rd, 2020 | Post by :- | 40 Views

मोरनी (अरुण वर्मा) मोरनी खंड के प्रत्येक राजकीय प्राथमिक पाठशाला, राजकीय माध्यमिक विद्यालय एवं राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों को ई लर्निंग के माध्यम से शिक्षा दी जा रही है।

यह जानकारी देते हुए श्रीमती अंजू ग्रोवर खंड शिक्षा अधिकारी मोरनी ने बताया कि खंड के सभी राजकीय विद्यालयों में शिक्षकों द्वारा ऑनलाइन शिक्षा दी जा रही है। पहाड़ी क्षेत्र होने के चलते भौगोलिक परिस्थितियां प्रतिकूल है। इंटरनेट की समस्या है। केबल /डिश कनेक्शन ना होने के बाद भी प्रत्येक विद्यालय में शिक्षकों द्वारा जहां विद्यार्थियों के दाखिले का कार्य किया जा रहा है उन बच्चों के व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर उनको शिक्षित भी किया जा रहा है। पहली कक्षा में दाखिला लेने के लिए नए बच्चों के अभिभावकों से भी विभिन्न माध्यमों से संपर्क साध कर उनके दाखिले किए जा रहे हैं। उन्होंने आगे बताया कि कोरोना जैसी भयंकर बीमारी के चलते विद्यालय खोले जाने संभव नहीं है। सभी को मजबूरन घरों के अंदर ही बंद होकर रहना पड़ रहा है। विभाग द्वारा हालात के मद्देनजर तय किया गया है कि ई लर्निंग के माध्यम से विद्यार्थियों को शिक्षा दी जाए ताकि बच्चों की पढ़ाई निरंतर चलती रहे। विभाग के आदेश अनुसार तथा शिक्षकों की तन्मयता से खंड के सभी छात्र छात्राओं को शिक्षित किया जा रहा है। सरकारी हिदायतों के अनुरूप विद्यार्थियों को जहां मिड डे मील के अंतर्गत सुखा राशन बाटा गया है वहीं निर्धारित कुकिंग कॉस्ट भी उनके खातों में स्थानांतरित करवा दी गई है।

राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय मोरनी हिल्स के प्रधानाचार्य अनिल कुमार दलाल ने बताया कि खंड शिक्षा अधिकारी महोदय के आदेश की अनुपालना में उनके विद्यालय के साथ साथ पूरे कलस्टर में विद्यार्थियों में पुस्तकों का आदान-प्रदान भी करवा दिया गया है। उन्होंने आगे बताया कि 11वीं एवं 12वीं कक्षा में आर्ट्स कॉमर्स एवं विज्ञान विषयों के विद्यार्थियों के दाखिले जारी है। परीक्षा परिणाम के बाद विद्यार्थियों को अगली कक्षा में पदोन्नत कर दिया गया है। सभी कक्षाओं के विषय अनुसार संबंधित शिक्षकों के व्हाट्सएप पर ग्रुप बनवा कर विद्यार्थियों को शिक्षित किया जा रहा है।

कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे editorlokhit@gmail.com पर भेजें। इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है।