सरकारी रिकॉर्ड दलालों के हवाले छोड़ नदारद मिले अधिकारी
August 30th, 2019 | Post by :- | 93 Views

जयपुर चौमूं,(सुरेन्द्र कुमार सोनी) । कैसा लगे आपको जब यह पता चले कि आप जिस व्यक्ति को आपने सरकारी दफ्तर में लाईसेंस बनाने के लिए कागज जमा करवाए हैं वह ना तो उस दफ्तर का सरकारी कर्मचारी हैं ना ही संविदा पर लगा कर्मचारी हैं। वह सिर्फ वंहा पर बैठ कर लोगों से लाईसेंस के नाम पर मोटी रकम ऐंठने का काम करता है। और हैरानी की बात यह है कि यह सब वह उस दफ्तर के अधिकारी के कहने पर कर रहा है। जानकारी के मुताबिक गुरुवार को चौमूं विधायक रामलाल शर्मा ने डीटीओ कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। जंहा डीटीओ साहब तो नदारद मिले ही साथ ही वहां काम कर रहे आधा दर्जन से भी ज्यादा लोग वह काम करते नजर आए जो ना तो कोई सरकारी कर्मचारी थे ना ही संविदा पर लगे कर्मचारी थे। हैरानी वाली बात यह रही कि विधायक रामलाल शर्मा के पुछने पर उन्होंने ने बताया कि यह सब करने की अनुमति हमे स्वंय डीटीओ ने दे रखी है। अब ऐसे में सवाल यह उठता है कि सरकारी रिकॉर्ड को यह महाशय ऐसे गैरों के हाथ में छोड़ कैसे जा सकते हैं। वहीं दूसरी ओर रामलाल शर्मा ने बताया कि काफी दिनों से डीटीओ कार्यालय की शिकायत बार बार मिल रही थी। जिसके चलते उन्होंने अचानक जाने की सोची। मगर विधायक रामलाल शर्मा ने इतना भी नहीं सोचा था कि वहां सब कुछ दलालों के हाथ में ही होगा और जिम्मेदार गायब होगा। रामलाल शर्मा के अनुसार मोटी कमाई के चक्कर में लगभग 8 दलालों को डीटीओ ने आफिस में पनाह दे रखी है। जिनके हाथ में नागरिकों के लाइसेंस ही नहीं अपितु सभी सरकारी दस्तावेज भी है। ऐसे में कार्यालय की सुरक्षा के साथ साथ कार्यशैली पर भी सवाल खड़ा होता है। वहीं यह दलाल नागरिकों से लाइसेंस बनाने के नाम पर 3000रुपए तक वसूल रहे हैं।

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