वजीरपुर- सामुदायिक स्वास्थ्य चिकित्सालय में मोर्चरी भवन का अभाव, अनेक पद रिक्त
February 11th, 2020 | Post by :- | 139 Views

वजीरपुर, ( महेन्द्र शर्मा ) राजकीय सामुदायिक स्वास्थ्य चिकित्सालय वजीरपुर में कुल पद 25 स्वीकृत है । वही मोर्चरी और अनेक भवनों का अभाव बना हुआ है। मोर्चरी भवन के अभाव में मृतक की वाॅडी रखने में परेशानी के साथ साथ देखभाल भी नहीं होती है। चिकित्सालय में छह पद खाली होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। अस्पताल में दो चिकित्सक ,एक ए .आर. जी., एक सहायक टेक्निशियन, एक वरिष्ठ सहायक, एक एस. एल. टी., एक एल. टी. और एक सफाईकर्मी का पद रिक्त पड़ा हुआ है। वहीं सोलह संविदा कर्मी कार्यरत हैं। इस चिकित्सालय में सोनोग्राफी मशीन का अभाव बना हुआ है। जिससे लोगों की जांच नहीं हो पाती है। इसके लिए बाहर जाना पड़ता है। कहने को तो चिकित्सालय में पैंतीस प्रकार की निःशुल्क जांच की जाती है, लेकिन महिला मरीजों को अधिक परेशानी होती है। चिकित्सालय में महिला चिकित्सक पद भी स्वीकृत नहीं होने से महिला रोगियों को अन्यत्र जाना पड़ता है। यहां पर एक मेडिकल सर्जन और एक सर्जरी सर्जन के पद रिक्त होने से फैक्चर और दुर्घटना के मरीजों को रैफर कर दिया जाता है। ढाई सौ तीन की आउटडोर होने पर भी भवन की कमी है। जिसमें जनरल वार्ड, मोर्चरी भवन, आपरेशन भवन की आवश्यकता है।वहीं तीस बैड़ का चिकित्सालय है। जिसमें सैकड़ों मरीज प्रतिदिन आते हैं। ऐसे में बैंड़ कम पड़ जाते हैं। चिकित्सालय में पांच चिकित्सक कार्यरत हैं । दो पद चिकित्सकों के रिक्त हैं। महिला रोगियों के अलावा किसी मरीज को परेशानी नहीं होती। यहां पर न्यूरो,आर्थो,गेस्ट्रो तथा गायनी के पद ही स्वीकृत नहीं है। जिससे नाम का यह गया सामुदायिक स्वास्थ्य चिकित्सालय वजीरपुर ।

इधर चिकित्सक आर के मीणा को गणतंत्र दिवस पर जिला कलेक्टर द्वारा वजीरपुर चिकित्सालय का साफ सफाई चिकित्सा कार्य में जिले में पहला स्थान प्राप्त करने पर प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया है।

वजीरपुर से रिपोर्टर महेन्द्र शर्मा की रिपोर्ट

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