मेवात मे मेवली व सालाहेड़ी गांव के लोगों ने नूंह बाजार में जमकर मचाया उत्पात
August 24th, 2019 | Post by :- | 48 Views

मेवात (सद्दाम हुसैन) जिला मुख्यालय के शहर नूंह में शनिवार को दिनभर अफरा-तफरी का माहौल रहा और आधे से ज्यादा बाजार बंद तथा दुकानदारों व ग्राहकों में दहशत का माहौल रहा। जिसके पीछे सालाहेड़ी गांव व मेवली गांव के लोगों के बीच आपसी झगडा मुख्य कारण रहा। हालांकि इस दौरान कोई बड़ा बवाल पैदा होता, पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया और उपद्रवियों को खदेड़ा। पुलिस ने 9 लोगों को हिरासत में भी लिया है।

जबकि खबर लिखे जाने तक दोनों ही पक्षों की तरफ से कोई शिकायत पुलिस तक नहीं पहुंची थी। बाजार में शांति बनाए रखने व स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए जगह-जगह पुलिस की तैनाती कर दी गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार नूंह बाजार की नायब वाली गली में सालाहेड़ी निवासी सिराजुद्दीन रहता है। तीन-चार दिन पहले उक्त गली में मच्छर मारने की दवाई छिडकने के लिए टीम आई थी, जिसमें मेवली गांव के लोग भी थे।

सिराजुद्दीन ने टीम से कहा कि वह नालियों में भी दवाई छिडके, क्योंकि मच्छर नालियों में ही ज्यादा पनपते है। इस बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहा सुनी हो गई और आरोप है कि सिराजुद्दीन ने दो-तीन लोगों को पीट दिया, जो अभी भी अस्पताल में उपचाराधीन है।

इस वजह से हुई तोड़ फोड़ : शनिवार को कुछ युवक मेडिकल कालेज में इलाज के लिए गए और वहां दवाई लेने की लाईन में लगे हुए थे। आरोप है कि मेडिकल कालेज में दवाई वितरण केंद्र पर तैनात सुरक्षाकर्मी मेवली गांव का रहने वाला है और उसका उन युवकों के साथ झगड़ा हो गया। इसी दौरान किसी ने मेवली गांव में अफवाह फैला दी कि सालाहेड़ी गांव के युवकों ने मेवली गांव के सुरक्षाकर्मी के साथ मेडिकल कालेज में मारपीट की है।

जिस पर गांव की कई गाडिय़ों में भरकर लोग नूंह में सिराजुद्दीन के भांजे के निजी अस्पताल पर पहुंचे और वहां पर तोडफोड की। इसके बाद भीड़ नायब वाली गली में पहुंची और वहां पर सालाहेडी गांव के युवक की मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान पर हमला कर उसमें बुरी तरह से तोडफोड की। वहीं थोड़ी दूरी पर सिराजुद्दीन का घर था और भीड़ ने वहां पहुंचकर घर पर हमला बोल दिया और जमकर तोडफोड की। इस दौरान एक राह चलते युवक के साथ भी भीड़ ने मारपीट की और पुराने बस अड्डे के पास लगी रेहडियों पर भी तोडफोड व बाजार में लूटपाट की।

सालाहेड़ी गांव के लोग भी पहुंचे: दूसरी तरफ मेवली गांव की भीड़ और तोडफोड की खबर सालाहेड़ी गांव पहुंची तो वहां से भी भारी संख्या में लोग इकट्ठे होकर नूंह पहुंचे। इससे पहले की कोई बड़ी घटना घटित होती, पुलिस ने भीड़ पर काबू पाते हुए उसे खदेड दिया। इस दौरान पुराने बस अड्डे व नायब वाली गली में पूरा बाजार बंद हो गया और चारों तरफ अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

अस्पताल में मरीजों ने शौचालयों में छिपकर खुद को बचाया: सिटी केयर अस्पताल पर जब भीड़ ने हमला किया तो वहां काफी संख्या में मरीज भी थे, जिनमें से कई मरीजों के आप्रेशन भी हो रखे थे। मरीजों व उनके तीमारदारों में भीड़ के आने से भगदड़ मच गई और कोई शौचालय तो कोई बैड के नीचे घुस गया। जिन मरीजों के आप्रेशन हो रखे थे, उनके टांकों में दिक्कत आई और दर्द से कराहते हुए उन्हें देखा गया।

छाई रही अराजकता: जिस प्रकार से बाजार में तोडफोड व लूटपाट व मारपीट की घटना को अंजाम दिया गया, उससे लोग भयभीत हो गए। लोगों ने कहा कि इस प्रकार तो कभी भी लोग बाजार पर चढ़ाई कर देंगे और किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ किसी भी घटना को अंजाम दे सकते है। पुलिस को चाहिए कि इस मामले की अच्छी तरह से जांच करे और घटना को अंजाम देने वालों पर कड़ी कार्रवाई करे ताकि आगे से कोई इस प्रकर की घटना बाजार में घटित न हो।

नौ लोग हिरासत में: पुलिस ने झगडे के दौरान मेवली गांव के 8 तथा सालाहेड़ी गांव के 1 व्यक्ति को घटना स्थल से गिरफ्तार किया है। जिनमें मेवली गांव से सकील पुत्र हामिद, नायक पुत्र फारुख, सकील पुत्र ताहिर, कबीर पुत्र सहीद, तारिफ पुत्र ईदरीश, राशिद पुत्र अली मोहम्मद, तारिफ पुत्र आकुब तथा जाहुल पुत्र जाकिर और सालाहेड़ी गांव से इमरान पुत्र शेर मोहम्मद को हिरासत में लिया है। झगड़े में इनकी क्या भूमिका है तथा कितने लोग इसमें शामिल थे, इसकी जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।

कर रहे हैं कार्रवाई: डीएसपी धर्मबीर सिंह ने बताया कि अभी तक दोनों ही पक्षों की तरफ से कोई शिकायत पुलिस को नहीं मिली है। इसके अलावा पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। जो भी दोषी होगा, उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

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