जवाहर पंडित हत्याकांड : करवरिया बंधुओं समेत 4 को उम्रकैद, सश्रम कारावास के साथ 7.20 लाख जुर्माना
November 4th, 2019 | Post by :- | 153 Views

प्रयागराज। बहुचर्चित पूर्व विधायक जवाहर यादव उर्फ पंडित हत्याकांड में सोमवार को सजा सुनाई गई। अपर जिला जज (एडीजे) पंचम बद्री विशाल पांडेय ने पूर्व सांसद कपिलमुनि करवरिया, उनके भाइयों पूर्व विधायक उदयभान व पूर्व एमएलसी सूरजभान तथा फुफेरे भाई रामचंद्र मिश्रा उर्फ कल्लू को सश्रम आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया। सभी पर कुल 7.20 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। विभिन्न धाराओं में सुनाई सजा एक साथ चलेगी। सभी अभियुक्त लगभग चार साल से जेल में बंद हैं। हत्याकांड 23 साल पहले हुआ था।इससे पूर्व सुनवाई के लिए अभियुक्त करवरिया बंधुओं को कड़ी सुरक्षा में कोर्ट परिसर में लाया गया है। कोर्ट में सुनवाई शुरू हुई। बचाव पक्ष ने कोर्ट से गुजारिश करते हुए कहा कि कम से कम सजा दी जाए। वहीं आभियोजन ने अधिक सजा देने की मांग की। इस दौरान शोरगुल होने लगा तो उदयभान ने हाथ जोड़कर शांति बनाए रखने की अपील की। कहा कि आप शुभचिंतक हैं या दुश्मनी निकलने आए हैं।कोर्ट में सजा सुनाए जाने के बाद बाहर निकलकर उदयभान करवरिया ने कहा कि हौसला न खोना, मुझे भूल न जाना। मैं लौटकर फिर आऊंगा शांति बनाए रखो। यह राजनैतिक सजा है, हाईकोर्ट से न्याय होगा।
इसके पूर्व जिला अदालत में कार्रवाई शुरू हुई थी।

किस धारा में कितनी सजा व जुर्माना
धारा 302/149 भारतीय दंड संहिता : प्रत्येक अभियुक्त को आजीवन सश्रम कारावास व हर पर एक-एक लाख रुपये जुर्माना। जुर्माने की राशि न देने पर दो-दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास।
धारा 307/149 भारतीय दंड संहिता : प्रत्येक अभियुक्त को 10-10 वर्ष का कठोर कारावास व प्रत्येक पर 50-50 हजार रुपये जुर्माना। जुर्माना न देने पर एक-एक साल का अतिरिक्त कारावास।
धारा 147 भारतीय दंड संहिता : प्रत्येक को दो-दो वर्ष का कठोर कारावास व प्रत्येक पर 10-10 हजार रुपये जुर्माना। जुर्माना न देने पर तीन-तीन माह का अतिरिक्त कारावास।
धारा 148 भारतीय दंड संहिता : प्रत्येक को तीन-तीन वर्ष का कठोर कारावास व 20-20 हजार रुपये जुर्माना। जुर्माने की राशि न देने पर छह-छह माह का अतिरिक्त कारावास।
7 आपराधिक विधि संशोधन अधिनियम : छह-छह माह का कारावास।

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